लखनऊ में जय मां पीतांबरी साधना एवं दिव्य योग ट्रस्ट के संस्थापक श्री विजेंद्र पांडे गुरुजी ने श्रावस्ती में हवन के उपरांत संदेश दिया कि कलयुग में मोक्ष प्राप्ति के लिए ‘नाम जप’ ही सबसे सुगम मार्ग है। उन्होंने स्पष्ट किया कि ईश्वर के सभी रूप एक समान हैं और किसी भी स्वरूप का अनन्य सिमरन मनुष्य को भवसागर से पार उतार देता है।
गुरुजी ने विद्या का दुरुपयोग कर अवैध धन कमाने वालों की आलोचना करते हुए कहा कि ऐसे लोग समाज को भ्रमित कर रहे हैं। उन्होंने रामचरितमानस का संदर्भ देते हुए बताया कि कलयुग में केवल नाम के आधार पर ही कल्याण संभव है, जैसा प्रह्लाद, शबरी और तुलसीदास जैसे भक्तों के जीवन में सिद्ध हुआ है। अतः भौतिकता में खोने के बजाय ईश्वर के नाम का सहारा लेकर जीवन को सार्थक बनाना चाहिए।