हरिद्वार: जनपद हरिद्वार के लक्सर ब्लॉक के ग्राम ब्रहमपुर खानपुर में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत एक बड़े खाद्यान्न घोटाले का पर्दाफाश हुआ है। जिलाधिकारी हरिद्वार के कड़े निर्देश पर गठित एक तीन सदस्यीय जांच समिति ने उचित दर विक्रेता मोहन सिंह की दुकान का विस्तृत निरीक्षण किया, जिसमें गंभीर अनियमितताओं की पुष्टि हुई है।
जांच में सामने आई गंभीर अनियमितताएं
जांच समिति, जिसमें तहसीलदार लक्सर प्रताप सिंह चौहान, क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी देव चंद, और पूर्ति निरीक्षक मौ. आरिफ शामिल थे, ने अपनी रिपोर्ट में विक्रेता मोहन सिंह द्वारा किए गए बड़े घोटालों का खुलासा किया।
- कम राशन वितरण: विक्रेता मोहन सिंह ने मार्च 2025 और अगस्त 2025 में कार्डधारकों को निर्धारित कोटे से कम राशन वितरित किया।
- चीनी वितरण में अनियमितता: अन्त्योदय कार्डधारकों को एक बार भी चीनी वितरित नहीं की गई, जबकि यह उनके कोटे में शामिल थी।
- राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना (NFSA) में कमी: राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के तहत प्रत्येक कार्डधारक को मिलने वाले राशन में 5 से 10 किलोग्राम तक खाद्यान्न की कमी पाई गई।
जिलाधिकारी ने लिया कड़ा एक्शन
जांच समिति की विस्तृत रिपोर्ट पर तत्काल कार्रवाई करते हुए, जिलाधिकारी हरिद्वार ने 26 सितंबर 2025 को राशन डीलर मोहन सिंह की उचित दर दुकान का अनुबंध तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
इसके साथ ही, जिलाधिकारी ने विक्रेता मोहन सिंह के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 के अंतर्गत मुकदमा दर्ज कराने के भी आदेश दिए।
एफआईआर दर्ज और कानूनी कार्रवाई
जिलाधिकारी के आदेश पर, पूर्ति निरीक्षक मौ. आरिफ और क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी देव चंद ने संयुक्त रूप से जांच रिपोर्ट तैयार कर कोतवाली लक्सर में लिखित तहरीर दी। कोतवाली प्रभारी लक्सर राजीव रौथान ने इस बात की पुष्टि की है कि पूर्ति अधिकारी की तहरीर के आधार पर राशन डीलर मोहन सिंह के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है।
प्रशासनिक चेतावनी
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह कड़ी कार्रवाई उत्तराखंड अनुसूचित वस्तु वितरण आदेश 2003 के गंभीर उल्लंघन के तहत की गई है। पूरी जांच रिपोर्ट 29 सितंबर 2025 तक थाने और संबंधित विभाग को सौंप दी जाएगी।